जनजातीय कला

Preserve Tribal Art & Culture

पिठोरा चित्रकला, लोक परंपराओं और आदिवासी सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण

हमारा दृष्टिकोण · Our Approach

पिठोरा — आत्मा की भाषा

पिठोरा चित्रकला भील-भीलाला समुदाय की एक पवित्र कला परंपरा है — यह केवल दीवार पर बनाई गई तस्वीर नहीं, बल्कि एक प्रार्थना है, एक कथा है, एक ब्रह्मांड है। आधुनिकता की आंधी में यह कला धीरे-धीरे लुप्त हो रही है। Bharat Ghumakkad Foundation इसे बचाने, कलाकारों को सम्मान दिलाने और इस कला को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का काम कर रही है।

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Preserve Tribal Art & Culture
50+
Artists Supported
कलाकार
200+
Artworks
कलाकृतियां
20+
Workshops
कार्यशालाएं
मुख्य गतिविधियां · Key Activities

हम क्या करते हैं

इस क्षेत्र में हमारे तीन प्रमुख कार्यक्षेत्र

🎨
Pithora Art — पिठोरा कला
पिठोरा कलाकारों की पहचान, उनका सम्मान और उनकी कला का दस्तावेज़ीकरण।
🏛️
Cultural Preservation — सांस्कृतिक संरक्षण
लोक गीत, नृत्य, वेशभूषा और अनुष्ठानों का संरक्षण और प्रचार।
🎓
Art Workshops — कला कार्यशाला
युवाओं को पिठोरा और अन्य जनजातीय कलाओं का प्रशिक्षण।
इस काम में शामिल हों

दान करें, स्वयंसेवा करें, या हमसे मिलने आएं — हर सहयोग मायने रखता है।